गाजीपुर: आनंद मार्ग प्रचारक संघ के तत्‍वावधान में सामाजिक अध्‍यात्मिक सेमिनार सम्‍पन्‍न

एक दिवसीय सामाजिक व अध्यात्मिक सेमिनार का आयोजन आनंद मार्ग स्कूल, शक्करपुर, गाजीपुर में आज हुआ। इस सेमिनार का शुभारंभ सुबह 5:00 बजे पांच्जन अनुष्ठान से हुआ। 

गाजीपुर: आनंद मार्ग प्रचारक संघ के तत्‍वावधान में सामाजिक अध्‍यात्मिक सेमिनार सम्‍पन्‍न

गाजीपुर। आनंदमार्ग प्रचारक संघ के तत्‍वावधान में एक दिवसीय सामाजिक व अध्यात्मिक सेमिनार का आयोजन आनंद मार्ग स्कूल, शक्करपुर, गाजीपुर में आज हुआ। इस सेमिनार का शुभारंभ सुबह 5:00 बजे पांच्जन अनुष्ठान से हुआ। 

इस सेमिनार के मुख्य वक्ता व प्रशिक्षक आचार्य विष्णु मित्रानंद दूध जी ने शिव की शिक्षा विषय पर विस्तृत चर्चा करते हुए भगवान शिव द्वारा दिए गए युक्ति स्वरूप 12 संस्कृत श्लोकों का वर्णन करते हुए  कहा कि नारी शब्द स्त्रीलिंग है किंतु शिव ने कहा  नारी को कलत्र  कहा जाता है ये क्लीवलिंग के रूप में व्यवहार होता है।विवाह शब्द का शाब्दीक अर्थ है विशेष प्रकार का दायित्व ग्रहण कर नूतन प्रकार से जीवन धारा को प्रवाहित करना। यही है शैव विवाह का अंतर्निहित तात्पर्य। 

धर्म का मतलब है किसी सत्ता का वह विशेष गुण जो उस सत्ता के अस्तित्व को धारण किए हुए है।मनुष्य का धर्म भागवत धर्म है। मनुष्य को वर्तमान में रहना होगा। जीवन का आयाम दो होता है।व्यक्तिगत जीवन और सामाजिक जीवन।व्यक्तिगत जीवन में भूत को भूलना होगा।

सामाजिक जीवन में भूत को याद रखोगे जिससे समाज को शिक्षा मिले चूंकि इतिहास से ही भविष्य बनता है। जिन जन गोष्टी का अपना इतिहास नहीं उसका अपना भविष्य भी नहीं होता है। आज वर्तमान के प्रायोगिक मूल्य से समाज में व्याप्त इतिहास का संबंध ना होने से मनुष्य का जीवन एकांगी बनने के कारण सर्वांगीण विकास नहीं हो पा रहा है। 

3 घंटे का अष्टाक्षरी सिद्ध महामंत्र बाबा नाम केवलम कीर्तन के पश्चात आचार्य जी ने सेमिनार के दूसरा विषय अणु मन और भूमा मन के व्याख्यान करते हुए कहा कि आनंद मार्ग के प्रवर्तक श्री श्री आनंदमूर्ति जी द्वारा दिया गया राजाधिराज योग साधना का परम एवं चरम अवस्था है अणु मन (व्यष्टि का मन) भूमा मन (ब्रह्म) मे मिलकर एकाकार हो जाना जिससे उसका क्षूद्रत्व बृहत्व में और जीव शिव में परिणत हो जाता है। 

अंत में सेमिनार को ग्राम स्तर तक ले जाने की योजना एवं आनंद मार्ग स्कूल का विकाश के लिए कार्य योजना पर कुछ विशेष कदम उठाए जानें का निर्णय लिया गया। इस सेमिनार में गाजीपुर के आनंद मार्ग के अनुयायियों की उपस्थित रही। श्री बद्री जी, महेंद्र जी, जिला सचिव घूरहू प्रसाद व अन्य का सहयोग रहा ।

Harvansh Patel

AUTHOR PROFILE: मैं " हरवंश पटेल " उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ / मूल निवासी चंदौली (पूर्वांचल) में रहने वाले एक अनुभवी ब्लॉगर और स्वतंत्र पत्रकार हूं. पूर्वांचल न्यूज़ प्रिंट "(https://www.purvanchalnewsprint.co.in/) के संस्थापक और मुख्य लेखक हैं। उन ब्लॉगों में आधा दर्जन से अधिक न्यूज पोर्टल Bihar News Print, Chandauli News Print , ELECTRIC VEHICLES JUNCTION,Lucknow News Print,Purvanchal Crime,PURVANCHAL POLITICS, AYODHYA NEWS PRINTआदि भी शामिल है। मेरे लेख ब्लॉग विषय से सम्वन्धित और खासकर पूर्वांचल की राजनीति, अर्थव्यवस्था, संस्कृति और विकास से जुड़े विषयों पर केंद्रित होते हैं। मेरा लक्ष्य पूर्वांचल की आवाज़ को व्यापक स्तर पर पहुँचाना और क्षेत्रीय मुद्दों पर जागरूकता बढ़ाना है। मेरे लेख गहन शोध और निष्पक्ष दृष्टिकोण के लिए जाने जाते हैं। अगर आप पूर्वांचल व अन्य जगहों से जुड़े किसी भी विषय पर चर्चा करना चाहते हैं या कोई सुझाव देना चाहते हैं । आप पाठक हैं या विज्ञापनदाता अथवा पत्रकार हैं, यदि मेरे साथ जुड़कर काम करना चाहते हैं तो आप का बार-बार स्वागत है,मुझसे संपर्क करें। Whatsapp :- +91- 8543805467 / Call - +91- 6307616730.

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